राज्यपाल ने महिला स्वयं सहायता समूहों की उत्पाद प्रदर्शनी का किया अवलोकन, “लखपति दीदी”बनी महिलाओं को किया सम्मानित किया।

खबर शेयर करें

नारी शक्ति की प्रतिभा, नवाचार और आत्मनिर्भरता उत्तराखण्ड के विकास की मजबूत आधारशिला :राज्यपाल

नैनीताल:-राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) ने बुधवार को लोक भवन नैनीताल में महिला स्वयं सहायता समूहों द्वारा आयोजित उत्पाद प्रदर्शनी का अवलोकन किया। प्रदर्शनी में नैनीताल जनपद के विकासखंड भीमताल, कोटाबाग, धारी, रामगढ़, हल्द्वानी एवं रामनगर की महिला स्वयं सहायता समूहों ने अपने उत्पादों का प्रदर्शन किया। राज्यपाल ने प्रदर्शनी में प्रदर्शित वुडन कलाकृतियों, ऐपण कला, बेकरी उत्पादों, अचार, जैम, मसालों तथा विभिन्न हस्तशिल्प उत्पादों का अवलोकन किया और महिलाओं की रचनात्मकता, गुणवत्ता, नवाचार तथा उद्यमशीलता की सराहना की। उन्होंने विभिन्न स्टॉलों पर जाकर महिलाओं से संवाद किया तथा उनके कार्यों, उत्पादन प्रक्रिया और विपणन गतिविधियों की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने इस दौरान”लखपति दीदी”बनी महिलाओं को सम्मानित किया।

यह भी पढ़ें 👉  श्रीमद्भागवत कथा तीसरे दिन भी उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब, भक्ति में डूबी कमस्यार घाटी।
इस अवसर पर राज्यपाल ने कहा कि उत्तराखण्ड की मातृशक्ति अपनी मेहनत, लगन, प्रतिभा और संकल्प के बल पर आत्मनिर्भरता की नई इबारत लिख रही है। उन्होंने कहा कि महिलाओं के भीतर अद्भुत रचनात्मक क्षमता, उत्पादकता और कुछ नया करने का जज्बा है, जो उन्हें विशिष्ट बनाता है। राज्यपाल ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि पिछले वर्ष की तुलना में स्वयं सहायता समूहों के उत्पादों की गुणवत्ता, प्रस्तुतीकरण और विविधता में उल्लेखनीय सुधार दिखाई दे रहा है।
यह भी पढ़ें 👉  अब बंगाल भी बोलेगा 'वंदे मातरम', 26 वर्षों से कार्यकर्ताओं द्वारा किया गया अथक परिश्रम बना जीत का आधार :आयुष भंडारी।
राज्यपाल ने कहा कि महिलाओं ने केवल उत्पाद निर्माण तक स्वयं को सीमित नहीं रखा है, बल्कि गुणवत्ता सुधार, डिजिटलीकरण, विपणन और उपभोक्ता की आवश्यकताओं को समझते हुए अपने कार्यक्षेत्र का विस्तार किया है। उन्होंने कहा कि यह परिवर्तन महिलाओं के आत्मविश्वास और निरंतर उत्कृष्टता की ओर बढ़ते कदमों का प्रमाण है। उन्होंने महिला उद्यमियों से अपने उत्पादों की पैकेजिंग, ब्रांडिंग और डिजिटल मार्केटिंग पर विशेष ध्यान देने का आह्वान किया। राज्यपाल ने कहा कि वर्तमान समय में केवल उत्पाद बनाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उसकी विशिष्टता, आकर्षक प्रस्तुति और प्रभावी विपणन भी सफलता के महत्वपूर्ण आधार हैं। उन्होंने महिलाओं को अपने उत्पादों में अधिक से अधिक मूल्य संवर्धन (वैल्यू एडिशन) और नवाचार को अपनाने के लिए प्रेरित किया।
यह भी पढ़ें 👉  भीमताल में ग्राफिक एरा हिल यूनिवर्सिटी परिसर में नंदा सुनंदा महोत्सव 2025 का भव्य आयोजन, आस्था, परंपरा और सांस्कृतिक उल्लास।
इस अवसर पर प्रथम महिला श्रीमती गुरमीत कौर, सीडीओ नैनीताल श्री अरविन्द पांडे, सहायक परियोजना निदेशक श्रीमती चंद्रा फर्त्याल, डीडीओ श्री गोपाल गिरी गोस्वामी सहित स्वयं सहायता समूहों की सदस्य एवं अन्य लोग उपस्थित रहे।

ADVERTISEMENTS Ad Ad Ad Ad Ad